बिलासपुर. बिलासपुर हाईकोर्ट में डोंगरगढ़ के बहुचर्चित परिक्रमा पथ निर्माण मामले पर अहम सुनवाई हुई है। कोर्ट ने राजनांदगांव कलेक्टर को याचिकाकर्ता की शिकायत पर सुनवाई कर उसका निराकरण करने के निर्देश दिए हैं।
मामला बुधवारी पारा वार्ड-19 निवासी फहीम अख्तर की कृषि भूमि से जुड़ा है। फहीम अख्तर का आरोप है कि उनकी जमीन को परिक्रमा पथ निर्माण के लिए अधिग्रहित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई, जबकि उन्होंने इसके लिए न तो कोई सहमति दी और न ही जमीन बेचने की इच्छा जताई है।
याचिकाकर्ता का कहना है कि प्रस्तावित मार्ग के आसपास पर्याप्त सरकारी और राजस्व भूमि उपलब्ध है, इसलिए निजी जमीन लेने की जरूरत ही नहीं है। उनका यह भी दावा है कि परिक्रमा के लिए पहले से रास्ता मौजूद है और नया मार्ग बनाना अनावश्यक खर्च बढ़ाएगा।
हाईकोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए कलेक्टर राजनांदगांव को शिकायत की जांच कर संबंधित पक्ष को सुनवाई का अवसर देने और नियमानुसार फैसला लेने के निर्देश दिए हैं। अब सबकी नजर प्रशासन के अगले कदम पर टिकी हुई है।
