RAIPUR AIIMS : A Testament to Maternal Love—Mother Saves Son’s Life by Donating a Kidney!
RAIPUR AIIMS : मां ने किडनी की गंभीर बीमारी से जूझ रहे 30 साल के बेटे को अपनी किडनी के जरिए नया जीवन दिया है।
AIIMS के नेफ्रोलॉजी सहित अन्य डॉक्टरों की टीम ने जटिलताओं से भरे इस प्रत्यारोपण को पूरा किया।
ऑपरेशन के बाद लंबे समय तक डाक्टरों की निगरानी मरीज और डोनर का में रहने वाले मरीज को अस्पताल से डिस्चार्ज कर दिया गया।
सुपेला भिलाई में रहने वाले 30 साल के मरीज को किडनी की गंभीर बीमारी एंड स्टेज पर थी।
पिछले एक महीने से वह डायलिसिस पर था। इस बीमारी के समाधान के लिए किडनी ट्रांसप्लांट की जरूरत थी और उसका ब्लड ग्रुप O+ था।
उसकी 59 वर्षीय मां अपनी किडनी देने को तैयार थी, मगर उसका ब्लड ग्रुप भी A+ था।
सर्जरी के दौरान ब्लड ग्रुप अलग होने के कारण मरीज को पहले विशेष उपचार दिया गया।
प्रत्यारोपण सफल होने के बाद करीब दस दिन मरीज को आईसीयू में विभिन्न डाक्टरों की निगरानी में रखा।
इसके बाद मरीज के पूरी तरह ठीक होने के बाद उसे अस्पताल से छुट्टी दे दी गई ।
राज्य में शासकीय स्तर पर किडनी प्रत्यारोपण की सुविधा एम्स में है। इनके द्वारा ब्रेनडेड मरीजों से मिली 12 किडनी जरूरतमंद मरीजों को प्रत्यारोपित किया गया है।

