NEET UG 2022: After the process of NEET counseling started, know how much cut off …
डेस्क। नेशनल एलिजिबिलिटी कम एंट्रेंस टेस्ट अंडरग्रेजुएट का रिजल्ट बीते सप्ताह जारी कर दिया गया है और अब काउंसलिंग की प्रक्रिया शुरू होने वाली है. इस वर्ष परीक्षा में 9 लाख से अधिक कैंडिडेट्स क्वालिफाई हुए हैं जो अब मेडिकल कोर्सेज़ में दाखिले के लिए काउंसलिंग का इंतजार कर रहे हैं. इस वर्ष अनारक्षित कैटेगरी के लिए कट-ऑफ 715-117 रहा है जबकि आरक्षित कैटेगरी के लिए कट-ऑफ 116-93 रहा है.
परीक्षा में क्वालिफाई हुए कैंडिडेट्स अब सरकारी कॉलेज की सीटों पर एडमिशन के लिए MCC द्वारा आयोजित AIQ काउंसलिंग में शामिल होंगे. बता दें कि टॉप स्कोर करने वाले कैंडिडेट्स ही सरकारी कॉलेज में एडमिशन ले पाते हैं क्योंकि इनकी लिमिटेड सीटें काउंसलिंग में सबसे पहले भर जाती हैं. नोएडा में कार्यरत मेडिकल एडमिशन एग्जिक्यूटिव आयुषी ने मीडिया से खास बातचीत में बताया कि कैटेगरी वाइस कितने नीट स्कोर पर कैंडिडेट को सरकारी कॉलेज मिल सकता है.
उन्होंने बताया, ‘कट-ऑफ परीक्षा में शामिल हुए उम्मीदवारों की संख्या और उनके प्रर्दशन समेत अन्य चीजों पर निर्भर करता है. इस वर्ष सभी कैटेगरी के लिए कट-ऑफ स्कोर गिरा है. यदि जनरल कैटैगरी के कैंडिडेट AIQ के तहत सरकारी सीट पर एडमिशन पाना चाहते हैं तो स्कोर 620 से कम नहीं होना चाहिए. इसके अलावा स्टेट कोटा की सीटों पर 590 तक के स्कोर वाले जनरल कैंडिडेट्स सरकारी सीट पर एडमिशन पा सकेंगे.’
उन्होंने आगे कहा, ‘पिछले वर्ष जब अनारक्षित कैटेगरी के लिए कट-ऑफ 710-138 रहा था, तब सभी राज्यों के लिए सरकारी कॉलेजों के आखिरी कट-ऑफ 615 से 640 के बीच ही रहे थे. इसके अलावा, OBC कैटेगरी के लिए क्वालिफाइंग मार्क्स कम होते हैं मगर सरकारी सीट के लिए कट-ऑफ लगभग उतना ही रहता है. SC/ST कैटेगरी के उम्मीदवारों के लिए सरकारी सीट 450 से अधिक स्कोर पर मिल सकती है.’
