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CHARDHAM YATRA : चारधाम यात्रा पर जाने से पहले पढ़िए यह गाइडलाइन, क्योंकि 6 दिन में चले गई है 20 तीर्थ यात्रियों की जान

Read this guideline before going on Chardham Yatra, because 20 pilgrims lost their lives in 6 days

डेस्क। चारधाम यात्रा में अव्यवस्थाओं और कठिन परिस्थितियों के बीच पैदल यात्रा करना तीर्थ यात्रियों के लिए खतरा बन चुका है. जानकारी के मुताबिक चारधाम यात्रा को शुरु हुए 6 दिन ही हुए है और यमुनोत्री और गंगोत्री धाम में 14 यात्रियों की मौत हो चुकी है, इनके अलावा केदारनाथ में पांच और बदरीनाथ में एक श्रद्धालु की मृत्यु की सूचना मिली है. 20 तीर्थयात्रियों की मौत ने लोगों को चिंता में डाल दिया है. दर्शन के लिए यहां क्षमता से अधिक लोग पहुंच चुके है, भीड़ के बीच ऊंचाई वाले क्षेत्रों से गुजरने वाले पैदल रास्ते में ठंड के साथ ऑक्सीजन की कमी उच्च रक्तचाप, मधुमेह, कैंसर, अस्थमा से ग्रसित मरीजों को तबीयत बिगड़ने का खतरा बना हुआ है.

मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक सरकार और स्वास्थ्य विभाग की ओर से चार धाम यात्रा में मार्गों पर स्वास्थ्य सेवाओं के पुख्ता इंतजाम होने के दावे किए जा रहे हैं लेकिन केदारनाथ, बदरीनाथ, गंगोत्री व यमुनोत्री धाम में क्षमता से दोगुने से अधिक यात्री दर्शन के लिए पहुंच रहे हैं, जिससे धामों में श्रद्धालुओं को अव्यवस्थाओं का सामना करना पड़ रहा है, पैदल रास्ते में ठंड के साथ ऑक्सीजन की कमी होती है, ऐसे में पैदल चढ़ाई करने में उच्च रक्तचाप, मधुमेह, कैंसर, अस्थमा से ग्रसित मरीजों को तबीयत बिगड़ने का खतरा रहता है. ऊंचाई वाले क्षेत्रों में ब्लड प्रेशर बढ़ने से भी यात्री को खतरा है.

स्‍वास्‍थ्‍य विभाग की गाइडलाइन पढ़िए –

तीर्थस्‍थल पर पहुंचने से पहले रास्‍ते में एक दिन का आराम जरूर करें.

पहले से बीमार लोग अपने डॉक्‍टर का प्रिसक्रिप्‍शन, फोन नंबर और दवाइयां साथ रखें.

हेल्‍थ चेकअप के बाद ही यात्रा के लिए निकलें.

ज्‍यादा बुजुर्ग, बीमार या कोविड से ग्रस्‍त हो चुके व्‍यक्ति या तो यात्रा न करें या कुछ समय के लिए टाल दें.

गर्म और ऊनी कपड़े साथ में रखें.

हार्ट पेशेंट, स्‍वांस रोगी, डायाब‍िटीज, हाई बीपी के मरीज ऊंचाई वाले क्षेत्रों में विशेष सावधानी रखें.

सिर दर्द, चक्‍कर आना, घबराहट, दिल की धड़कनें तेज होना, उल्‍टी आना, हाथ-पांव व होठों का नीला पड़ना, थकान होना, सांस फूलना, खांसी आना या दूसरे लक्षण होने पर फौरन निकटतम स्‍वास्‍थ्‍य केंद्र पर पहुंचें और 104 हेल्‍पलाइन नंबर पर संपर्क करें.

धूम्रपान व दूसरे मादक पदार्थों के सेवन से परहेज करें.

यात्रा के दौरान पानी पीते रहें और खाली पेट न रहें.

लंबी पैदल यात्रा के दौरान बीच-बीच में विश्राम करते रहें.

ऊंचाई वाले क्षेत्रों में व्‍यायाम करने से बचें.

किसी भी स्‍वास्‍थ्‍य संबंधी जानकारी के लिए 104 और ऐम्‍बुलेस के लिए 108 हेल्‍पलाइन पर संपर्क करें.

 

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