Wrote open letter to CJI, 117 former judges and bureaucrats angry with SC’s remarks on Nupur Sharma
नई दिल्ली। भाजपा से सस्पेंड नुपूर शर्मा के मामले को भड़काने में पाकिस्तान में बैठे कट्टरपंथियों की बड़ी भूमिका सामने आ रही है। इधर,सुप्रीम कोर्ट द्वारा नुपूर शर्मा पर टिप्पणी को लेकर खिलाफ 15 रिटायर्ड जजों, 77 रिटायर्ड नौकरशाहों और 25 रिटायर्ड सैन्य अधिकारियों ने सीजेआई एनवी रमना को एक खुला लेटर भेजा है।
इस बीच हजरत ख्वाजा मोइनुद्दीन हसन चिश्ती की दरगाह के एक खादिम सलमान चिश्ती ने एक विडियो शूट कर वायरल किया है। करीब दो मिनिट 50 सेकेंड के इस विडियो में सलमान धार्मिक भावनाओं का हवाला देते हुए खुलेआम नुपुर शर्मा को कत्ल किये जाने की धमकी दे रहा है। यह ठीक वैसा ही वीडियो है, जो उदयपुर में कन्हैयालाल के हत्यारे रियाज मोहम्मद और गौस मोहम्मद ने घटना से पहले वायरल किया था। सलमान हिस्ट्रीशीटर बताया जाता है। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
पहले पढ़िए पाकिस्तान का कनेक्शन –
पैगंबर मोहम्मद को लेकर कथिततौर पर गलत बयान देने वाली नुपूर शर्मा के मामले की आड़ लेकर पाकिस्तान साम्प्रदायिक हिंसा फैलाने में कोई कसर नहीं छोड़ रहा था। मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, नुपूर शर्मा के खिलाफ पाकिस्तान से एक लाख से अधिक हैशटैग चलाए गए थे। यही नहीं, ये कहां से कंट्रोल हो रहे, इसका पता न चल सके इसलिए के जरिये उनकी लोकेशन बदल दी गई थीं। बता दें कि नुपूर शर्मा के सपोर्ट में सोशल मीडिया पर पोस्ट करने वाले उदयपुर के टेलर कन्हैयालाल की हत्या में पाकिस्तान स्थित दावत-ए-इस्लामी संगठन का नाम सामने आया है। यह कट्टरपंथी तहरीक-ए-लब्बैक से संबंध हैं। लब्बैक पाकिस्तान में नुपूर शर्मा के विरोध में प्रदर्शन करने से लेकर सोशल मीडिया पर हैश टैग चलाता आ रहा है।
दावत-ए-इस्लामी विवादों में –
पिछले दिनों Anti Propaganda Front ने एक tweet करके लिखा था कि कन्हैयालाल की गला काटकर हत्या करने वाले आरोपी गोस मोहम्मद और रियाज पाकिस्तान स्थित दावत-ए-इस्लामी के सदस्य हैं। यह कट्टरपंथी तहरीक-ए-लब्बैक से संबंध हैं। वे कराची का दौरा कर चुके हैं। हालांकि यह जांच का विषय है। दावते-ए-इस्लामी संगठन का संस्थापक मौलाना इलियास अत्तारी है। यह पाकिस्तान में रहता है। इस संगठन की भारत समेत कई देशों में ब्रांच हैं। भारत में इसका हेडक्वॉर्टर नई दिल्ली और मुंबई में है। मीडिया सूत्रों के अनुसार, यह संस्था के 190 देशों में काम करती है। लेकिन इसका मकसद इस्लामिक कट्टरपंथर को बढ़ावा देना है। यह एक सुन्नी कट्टरपंथी संगठन है। इधर, एक मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, दावत-ए-इस्लाम यूपी में दुकानों पर गुल्लक रखकर फंड जुटा रहा है। कानपुर-पीलीभत जैसे शहरों की कुछ दुकानों पर ये गुल्लक रखी देखी गई हैं।
सुप्रीम कोर्ट में नुपूर शर्मा का फटकार के बाद मामला और उछला
पैगंबर मुहम्मद पर विवादित टिप्पणी करने वाली बीजेपी की निलंबित प्रवक्ता नुपुर शर्मा को हाल में सुप्रीम कोर्ट ने फटकार लगाई थी। दरअसल, नुपूर शर्मा ने उन्हें मिल रहीं धमकियों को देखते हुए उनके खिलाफ अलग-अलग शहरों में दर्ज मामले दिल्ली ट्रांसफर करने के लिए पिटीशन दाखिल की थी। इसकी सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा था कि आज देश में जो हो रहा है उसके लिए यह महिला अकेले जिम्मेदार है। कोर्ट उदयपुर व अन्य जगहों पर पैगंबर पर टिप्पणी के बाद हुई हिंसा को भी नुपुर शर्मा के गैर जिम्मेदाराना टिप्पणी को ही दोषी माना था। हालांकि इसके खिलाफ देश के 117 हस्तियों ने बयान जारी कर SC की टिप्पणी पर आपत्ती जताई है। 15 रिटायर्ड जज, 77 रिटायर्ड ब्यूरोक्रेट्स और 25 रिटायर्ड आर्म्ड फोर्स के अधिकारियों ने बयान जारी कर कहा है कि सुप्रीम कोर्ट ने याचिकाकर्ता के मौलिक अधिकार की रक्षा करने के बजाय, याचिका का संज्ञान लेने से इनकार कर दिया। याचिकाकर्ता को याचिका वापस लेने और उचित फोरम (उच्च न्यायालय) के पास जाने को कहा, वो ये जानते हुए कि हाईकोर्ट के पास ट्रांसफर का अधिकार क्षेत्र नहीं है।
कपिल मिश्रा को मिली जान से मारने की धमकी –
बीजेपी नेता कपिल मिश्रा ने सोमवार को कहा कि उन्हें ईमेल के जरिये जान से मारने की धमकी दी गई है। हालांकि उन्होंने लिखा कि वे इससे डरते नहीं है और ‘जिहादी’ हिंसा के पीड़ितों के परिवारों की मदद करते रहेंगे।

