CENSUS AMENDMENT RULES : Who will now be assigned duty in the census? The government has changed the rules.
नई दिल्ली, 16 अक्टूबर। जनगणना से जुड़ी ड्यूटी को लेकर केंद्र सरकार ने नियमों में बदलाव किया है। गृह मंत्रालय के अंतर्गत भारत के महारजिस्ट्रार कार्यालय की ओर से 16 अक्टूबर 2026 को जारी अधिसूचना में जनगणना नियम, 1990 के नियम 3 की सूची में संशोधन किया गया है।
अधिसूचना के मुताबिक, अब जनगणना में प्रगणक यानी Enumerator के रूप में ड्यूटी के लिए तीन श्रेणियों के लोगों का उल्लेख किया गया है। इनमें सरकारी, स्थानीय निकायों, सहायता प्राप्त और गैर-सहायता प्राप्त निजी संस्थानों, सोसायटी या ट्रस्ट के शिक्षक शामिल हैं।
इसके अलावा केंद्र और राज्य सरकार, स्थानीय प्राधिकरण या विभिन्न प्रतिष्ठानों के क्लर्क और अधिकारी भी इस सूची में शामिल हैं। इसमें सार्वजनिक क्षेत्र के उपक्रम, वैधानिक निकाय, बैंक, कंपनियां, संस्थान, सोसायटी और ट्रस्ट भी शामिल हैं।
तीसरी श्रेणी में किसे मौका मिलेगा?
नोटिफिकेशन में तीसरी श्रेणी के तहत ऐसे किसी भी व्यक्ति को शामिल करने का प्रावधान है, जिसे राज्य सरकार या केंद्र शासित प्रदेश का प्रशासन प्रगणक के रूप में काम करने के लिए उपयुक्त समझे।
नए नियम आधिकारिक राजपत्र में प्रकाशित होने की तारीख से लागू होंगे। अधिसूचना पर भारत के महारजिस्ट्रार एवं जनगणना आयुक्त मृत्युंजय कुमार नारायण का नाम दर्ज है।
इस बदलाव के बाद जनगणना कार्य के लिए लोगों की नियुक्ति में किन श्रेणियों पर विचार किया जा सकेगा, यह स्पष्ट किया गया है। हालांकि, इस अधिसूचना में किसी खास व्यक्ति की ड्यूटी, नियुक्तियों की संख्या या छत्तीसगढ़ में इसके क्रियान्वयन का अलग विवरण नहीं दिया गया है।
