CHHATTISGARH : Rs 25 lakh deposited, still did not get the plot, Supreme Court’s decision
बिलासपुर। व्यापार विहार कमर्शियल प्रोजेक्ट के प्लॉट आवंटन मामले में अमरीती अग्रवाल को सुप्रीम कोर्ट से भी राहत नहीं मिली। सुप्रीम कोर्ट ने नगर निगम के टेंडर रद्द करने के फैसले को बरकरार रखते हुए हाईकोर्ट के आदेश में दखल देने से इनकार कर दिया।
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मामला वर्ष 2023 में व्यापार विहार के जोन-1 में प्लॉट नंबर बी-108 की निविदा से जुड़ा है। अमरीती अग्रवाल सबसे ज्यादा बोली लगाकर H-1 बिडर बनी थीं और करीब 25.20 लाख रुपये जमा किए थे। इसके बावजूद नगर निगम ने जनवरी 2025 में पूरी टेंडर प्रक्रिया रद्द कर दी थी।
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हाईकोर्ट ने भी 22 जून 2026 को उनकी याचिका खारिज करते हुए कहा था कि केवल H-1 बोलीदाता बनने से प्लॉट पर स्वतः अधिकार नहीं मिल जाता। अब सुप्रीम कोर्ट ने भी इसी फैसले में हस्तक्षेप से इनकार कर दिया है।
