ANIL AMBANI ED ACTION : Major ED action against Anil Ambani Group, panic in shares…
मुंबई। कारोबारी जगत में मंगलवार को अनिल अंबानी समूह की कंपनियों के शेयरों में जोरदार गिरावट देखने को मिली। रिलायंस पावर (Reliance Power) और रिलायंस इंफ्रास्ट्रक्चर (Reliance Infra) के शेयरों में गिरावट की बड़ी वजह बनी, प्रवर्तन निदेशालय (ED) की 7,500 करोड़ रुपये की संपत्तियों की कुर्की।
ED ने PMLA की धारा 5(1) के तहत अनिल अंबानी समूह की 40 से ज्यादा संपत्तियां अस्थायी रूप से जब्त की हैं। इनमें मुंबई के पाली हिल स्थित एक आलीशान बंगला भी शामिल है। यह कार्रवाई रिलायंस होम फाइनेंस लिमिटेड (RHFL) और रिलायंस कमर्शियल फाइनेंस लिमिटेड (RCFL) द्वारा जुटाए गए फंड के कथित दुरुपयोग से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग केस में की गई है।
शेयर बाजार में मची हलचल
ED की कार्रवाई का सीधा असर मंगलवार को शेयर बाजार में दिखा। रिलायंस पावर का शेयर 7.72% गिरकर ₹40.50 पर बंद हुआ, जबकि रिलायंस इंफ्रा 5% की गिरावट के साथ ₹194.90 पर लुढ़क गया।
बुधवार को हालांकि गुरुनानक जयंती के कारण बाजार बंद रहा, लेकिन मंगलवार को सेंसेक्स 500 अंकों से ज्यादा और निफ्टी 160 अंकों की गिरावट के साथ बंद हुआ था।
अनिल अंबानी ग्रुप ने दी सफाई
कंपनी की ओर से जारी स्टॉक एक्सचेंज फाइलिंग में कहा गया कि ED की कार्रवाई से ग्रुप के मौजूदा बिजनेस पर कोई असर नहीं पड़ा है। फाइलिंग में स्पष्ट किया गया कि जिन संपत्तियों को कुर्क किया गया है, वे ज्यादातर रिलायंस कम्युनिकेशंस (RCom) की हैं, जो पहले से ही कॉर्पोरेट दिवाला प्रक्रिया में है।
99% गिरकर भी बने थे मल्टीबैगर स्टॉक
रिलायंस पावर और रिलायंस इंफ्रा दोनों स्टॉक एक समय अपने ऑल टाइम हाई से 99% टूट गए थे। मार्च 2020 में रिलायंस पावर का भाव ₹1 तक गिर गया था, जो बाद में 3,275% उछलकर निवेशकों के लिए मल्टीबैगर साबित हुआ।
वहीं, रिलायंस इंफ्रा का शेयर जनवरी 2008 में ₹2,514 पर था, जो ₹24.90 तक लुढ़कने के बाद फिर तेजी से उभरा और अब ₹200 के आसपास ट्रेड कर रहा है।

