रायपुर: राजधानी रायपुर के भाठागांव स्थित उर्मिला मेमोरियल हॉस्पिटल में मरीज के मौत के बाद अस्पताल परिसर में परिजनों ने प्रबंधन पर लापरवाही का आरोप लगाया और साथ ही दोषियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की।
जानकारी के अनुसार मृतक मरीज लगभग ढाई महीने पहले पेट दर्द की शिकायत लेकर खुद अपनी बाइक से अस्पताल पहुँचा था। परिजनों का दावा है कि शुरुआत में इलाज के लिए अस्पताल ने लगभग डेढ़ लाख रुपये की राशि बताई थी, लेकिन इलाज के दौरान खर्च लगातार बढ़ता गया। उन्होंने बताया कि इलाज के दौरान कुल 17 लाख रुपये नकद, 3 लाख रुपये आयुष्मान कार्ड से और लगभग 5 लाख रुपये मेडिकल बैलेंस के रूप में लिए गए। बावजूद इसके मरीज की मौत हो गई।
मरीज की मौत की खबर फैलते ही क्रांति सेना और बजरंग दल के कार्यकर्ता भी पहुंचे और मामले की निष्पक्ष जांच तथा दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की मांग की। उग्र माहौल को देखते हुए पुलिस टीम तत्काल मौके पर पहुँची और अस्पताल परिसर में सुरक्षा व्यवस्था सुनिश्चित की।

मरीज के परिजनों का आरोप हैं कि इलाज के दौरान चिकित्सकों और अस्पताल प्रशासन की लापरवाही के कारण उनकी जान चली गई। उन्होंने कहा कि अस्पताल ने लगातार अतिरिक्त शुल्क लिया, लेकिन उपचार की गुणवत्ता पर ध्यान नहीं दिया गया।

