CG LECTURER PENDING CASE : DPI strict on pending work of lecturers!
रायपुर। रायपुर में स्कूल शिक्षा विभाग के व्याख्याताओं के लंबे समय से अटके मामलों को लेकर DPI ने अब सख्ती दिखाई है। संभागीय संयुक्त संचालक और जिला शिक्षा अधिकारियों को लंबित प्रकरणों की पूरी जानकारी 24 सितंबर दोपहर 12 बजे तक अनिवार्य रूप से भेजने के निर्देश दिए गए हैं।
DPI ने साफ कहा है कि तय समय पर जानकारी नहीं भेजी गई या देरी हुई तो संबंधित अधिकारी जिम्मेदार होंगे।
BJP BREAKING : छत्तीसगढ़ BJP की कमान स्मृति ईरानी को, ये होंगे सह-प्रभारी ..
रिपोर्ट में ई और टी संवर्ग के व्याख्याताओं के मामलों की अलग-अलग जानकारी देनी होगी। इसमें 10 और 20 साल की सेवा के बाद मिलने वाले समयमान वेतनमान, परिवीक्षा अवधि पूरी होने के बाद नियमितीकरण और स्थायीकरण, संविलियन, अवकाश, उच्च परीक्षा या आगे की पढ़ाई की अनुमति से जुड़े लंबित आवेदन शामिल हैं।
कोर्ट में चल रहे मामलों की भी अलग-अलग जानकारी मांगी गई है। पूर्व सेवा गणना, पदोन्नति में वरिष्ठता और क्रमोन्नति वेतन विसंगति से जुड़े मामलों की स्थिति भी रिपोर्ट करनी होगी।
इसके अलावा 2027 में सेवानिवृत्त होने वाले व्याख्याताओं की सूची भी अलग से मांगी गई है। DPI का फोकस अब इस बात पर है कि कौन-सा मामला कितने समय से लंबित है और उसके निपटारे में देरी क्यों हो रही है।
