CG Coal Crisis: Chhattisgarh has only 5 days’ worth of coal stock!
CG COAL CRISIS: छत्तीसगढ़ और सिंगरौली की कोयला खदानों में पानी भरने से कोटा सुपर थर्मल पावर प्लांट में अब केवल 5 दिन का स्टॉक बचा है।
यहां 1240 मेगावाट की सातों यूनिट के लिए रोज 12 से 15 हजार मीट्रिक टन कोयले की खपत है।
कोयला संकट से 210 मेगावाट की 1 यूनिट पहले ही बंद की जा चुकी है और अब कोयले की कमी से पूरे प्लांट को बंद करने का खतरा मंडरा रहा है. आरोप है कि, अधिकारी जानबूझ कर संकट की स्थिति पैदाकर CSEB के संयंत्रों का निजीकरण का रास्ता तैयार कर रही है.
कोयला संकट केवल छत्तीसगढ़ के लिए नहीं बल्कि पूरे देश के लिए चिंताजनक खबर है. क्योंकि, छत्तीसगढ़ देश का दूसरा सबसे बड़ा कोयला उत्पादक राज्य है, जोकि देश के कुल कोयला उत्पादन में लगभग 18% से 20% का योगदान देता है.
राज्य लगभग 204 मिलियन टन (20.4 करोड़ टन) से अधिक कोयले का सालाना उत्पादन करता है जोकि, देश के कुल कोयला उत्पादन में राज्य की हिस्सेदारी करीब 20.73% है.
