CHHATTISGARH : Big gift to the boatmen and drivers of Bastar before Diwali!
रायपुर। छत्तीसगढ़ सरकार ने बस्तर की पारंपरिक संस्कृति को संभालने वाले मांझियों और चालकियों के मानदेय में बढ़ोतरी का ऐलान किया है। मुरिया दरबार में लिए गए इस फैसले से लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग कर रहे परंपरागत प्रतिनिधियों को राहत मिलने की उम्मीद है।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व वाली सरकार के इस फैसले के तहत अब मांझियों को हर महीने 2 हजार रुपये की जगह 5 हजार रुपये मिलेंगे। यानी उनके मानदेय में सीधे 3 हजार रुपये की बढ़ोतरी की गई है।
वहीं, चालकियों का मासिक मानदेय भी 1500 रुपये से बढ़ाकर 3500 रुपये कर दिया गया है। उन्हें अब हर महीने 2 हजार रुपये ज्यादा मिलेंगे।
राज्य सरकार के मंत्री राजेश अग्रवाल ने बताया कि मांझी और चालकी बस्तर की परंपराओं और सांस्कृतिक विरासत को बचाए रखने में अहम भूमिका निभाते हैं। उनके मुताबिक, मानदेय बढ़ाने का फैसला उनके योगदान को सम्मान देने और आर्थिक स्थिति मजबूत करने की दिशा में उठाया गया कदम है।
लंबे समय से मानदेय बढ़ाने की मांग की जा रही थी। ऐसे में दिवाली से पहले हुई इस घोषणा को मांझियों और चालकियों के लिए बड़ी राहत के तौर पर देखा जा रहा है।
अब इस बढ़ोतरी से उन्हें हर महीने पहले के मुकाबले ज्यादा आर्थिक सहायता मिलेगी। हालांकि, बढ़ा हुआ मानदेय किस तारीख से मिलना शुरू होगा, इसकी जानकारी दिए गए विवरण में नहीं है।
