CG MURDER CASE SOLVED: 6 year old murder solved, skull found in dry septic tank
धमतरी। जिले के अर्जुनी थाना अंतर्गत ग्राम भोयना में एक पुराने गोदाम के सूखे सेप्टिक टैंक से मानव खोपड़ी मिलने के बाद क्षेत्र में सनसनी फैल गई। इस सनसनीखेज मामले में पुलिस ने 6 साल पुराने हत्या की गुत्थी सुलझा ली है। पुलिस ने आरोपी सौतेले पिता को गिरफ्तार कर न्यायिक हिरासत में भेज दिया है।
ग्राम कोटवार की सूचना पर सामने आया मामला
ग्राम कोटवार भोयना ने 17 सितंबर को थाना अर्जुनी में रिपोर्ट दर्ज कराई थी कि ग्राम भोयना निवासी आशीष बरड़िया के पुराने गोदाम के सूखे सेप्टिक टैंक में एक मानव खोपड़ी देखी गई है। पुलिस ने तत्काल मर्ग क्रमांक 34/25 धारा 194 बीएनएसएस के तहत मामला दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच में मिले चौंकाने वाले साक्ष्य
कार्यपालिक दंडाधिकारी की उपस्थिति में पुलिस ने घटनास्थल का निरीक्षण कर पंचनामा कार्यवाही की। सेप्टिक टैंक से एक मानव कंकाल के साथ-साथ नीला-सफेद डॉट पेन, सीरिंज, प्लास्टिक का बटन, “D-LUX” ब्रांड का अंडरवियर का रबर पट्टा, हरे नायलोन की रस्सी और साइकिल ट्यूब से बंधा सीमेंट पोल और लगभग 200 ग्राम मिट्टी जब्त की गई।
विशेष टीम ने सुलझाया 6 साल पुराना हत्याकांड
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक सूरज सिंह परिहार ने विशेष जांच टीम का गठन किया। अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक मणिशंकर चंद्रा के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी की टीम ने गहन जांच शुरू की। मुखबिर की सूचना पर ग्राम भोयना निवासी राममिलन गोड़ से पूछताछ की गई, जिसमें उसने चौंकाने वाला खुलासा किया।
क्वार नवरात्रि की रात की थी हत्या
आरोपी राममिलन गोड़ ने बताया कि करीब 6–7 साल पहले क्वार नवरात्रि की रात उसका और सौतेले बेटे नंदू सोनी (उम्र 23 वर्ष) के बीच घरेलू विवाद हुआ था। गुस्से में आकर उसने नंदू का सिर दीवार पर पटक दिया, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।
हत्या के बाद आरोपी ने रात के लगभग 4 बजे शव को घसीटते हुए गोदाम के पास बने सेप्टिक टैंक में ले जाकर रस्सी और साइकिल ट्यूब की मदद से सीमेंट पोल में बांधा और टैंक में फेंक दिया।
गिरफ्तार कर भेजा गया जेल
पुलिस ने आरोपी राममिलन गोड़ (62 वर्ष) को गिरफ्तार कर अपराध क्रमांक 74/2025 धारा 103(1), 238 बीएनएस के तहत मामला दर्ज करते हुए न्यायिक रिमांड पर भेज दिया। आरोपी की निशानदेही पर एक पत्थर भी जब्त किया गया है।
टीम को मिला सफलता का श्रेय
इस पूरी कार्रवाई में निरीक्षक चंद्रकांत साहू, सहायक उप निरीक्षक उत्तम निषाद, प्रआर. भुनेश्वर साहू, विजय पति, आरक्षक राजेश साहू, प्रीतम ध्रुव और मुकेश सिन्हा की विशेष भूमिका रही। धमतरी पुलिस की तत्परता से वर्षों पुराना यह जघन्य हत्याकांड उजागर हो सका, जिससे आमजन में न्याय की उम्मीद को बल मिला है।

