‘Chhattisgarhi Mahtari’ (Mother Chhattisgarh) was shamed during the State Festival; an apology is owed to both Chhattisgarh and the nation — Dubey
रायपुर : छत्तीसगढ़ शासन द्वारा आयोजित राज्योत्सव में छत्तीसगढ़ महतारी की प्रतिमा को स्थान नहीं दिए जाने पर राज्य आंदोलनकारियों ने कड़ी नाराजगी जताई है। छत्तीसगढ़ राज्य आंदोलनकारी एवं छत्तीसगढ़ी किसान समाज के पदाधिकारियों ने इसे छत्तीसगढ़ की अस्मिता और संस्कृति का अपमान बताते हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय से छत्तीसगढ़ की जनता और राष्ट्र से माफी मांगने की मांग की है।
राज्य आंदोलनकारी अनिल दुबे सहित जीपी चंद्राकर, दीनदयाल वर्मा, लालाराम वर्मा, चेतन देवांगन, मुनु बाई पटेल, राधा सिंह एवं रितु महंत ने सवाल उठाया कि छत्तीसगढ़ महतारी के बिना राज्योत्सव कैसे संभव है? उन्होंने सरकार पर छत्तीसगढ़ी संस्कृति और अस्मिता की अनदेखी करने का आरोप लगाया।
लालाराम वर्मा ने प्रेस विज्ञप्ति जारी कर कहा कि छत्तीसगढ़ महतारी का सम्मान प्रदेश की पहचान और स्वाभिमान से जुड़ा है।


