High Court set aside this order, a big blow to suspended IPS Mukesh Gupta
बिलासपुर। छत्तीसगढ़ के निलंबित आईपीएस मुकेश गुप्ता को हाईकोर्ट के फैसले से बड़ा झटका लगा है। हाईकोर्ट ने स्पेशल डीजी के रूप में उनका प्रमोशन बरकरार रखने के कैट (सेंट्रल एडमिनिस्ट्रेटिव ट्रिब्यूनल) के आदेश को निरस्त कर दिया है। राज्य सरकार ने गुप्ता को एडीजी के पद पर डिमोट कर दिया था।
एसीबी-ईओडब्ल्यू के पूर्व चीफ 1988 बैच के आईपीएस मुकेश गुप्ता को पूर्ववर्ती भाजपा सरकार के समय में 6 अक्टूबर 2018 को आचार सहिंता लगने के कुछ घंटे पूर्व ही एडीजी से स्पेशल डीजी के पद पर प्रमोशन दिया गया था। उनके साथ ही उनके बैचमेट दो अन्य आईपीएस अधिकारियों को भी डायरेक्टर जनरल के पद पर प्रमोट किया गया था। राज्य में नई सरकार बनने के बाद तीनों आईपीएस को फिर से एडीजी के पद पर डिमोट किया गया, लेकिन बाद में दो अन्य को प्रमोशन दी गई।
आईपीएस गुप्ता के खिलाफ केज दर्ज किए गए थे, इसलिए उन्हें प्रमोशन नहीं मिला। प्रमोशन निरस्त कर पदावनत करने के राज्य सरकार के फैसले के खिलाफ मुकेश गुप्ता कैट गए थे, जहां से उन्हें राहत देते हुए उनका प्रमोशन बरकरार रखने का आदेश जारी हुआ था। कैट के फैसले के खिलाफ राज्य सरकार ने हाईकोर्ट में अपील की थी। इस पर चीफ जस्टिस की डिवीजन बैंच में सुनवाई हुई। सुनवाई में तर्कों को सुनने के पश्चात कैट के प्रमोशन बरकरार रखने के फैसले को अदालत ने निरस्त कर दिया।

