RAIPUR WAQF PROPERTY : Major order on Waqf shop worth crores in Raipur
रायपुर। नयापारा स्थित सुन्नी हनफी मस्जिद ट्रस्ट की बेशकीमती वक्फ संपत्ति को लेकर चल रहे विवाद में छत्तीसगढ़ राज्य वक्फ अधिकरण ने अहम फैसला सुनाया है। अधिकरण ने दुकान पर काबिज अब्दुल मतीन सिद्दीकी को अतिक्रमणकारी मानते हुए 45 दिन के भीतर दुकान खाली करने और कब्जा वक्फ बोर्ड या मस्जिद के मुतवल्ली को सौंपने का आदेश दिया है।
29 सितंबर 2026 को पारित आदेश के मुताबिक, दुकान खाली करने की समयसीमा 10 नवंबर तक है। यह संपत्ति फूल चौक के आगे जीई रोड पर स्थित दो मंजिला दुकान है, जिसका क्षेत्रफल करीब 500 वर्गफीट बताया गया है।
1978 के किरायानामे पर विवाद
रिकॉर्ड के अनुसार, संपत्ति मध्यप्रदेश राजपत्र में 25 अगस्त 1989 को वक्फ संपत्ति के रूप में दर्ज थी। ट्रस्ट का आरोप है कि अब्दुल मतीन ने वैध किरायानामे के बिना दुकान पर कब्जा बनाए रखा। वक्फ बोर्ड ने 4 मार्च 2020 को कारण बताओ नोटिस जारी किया था। इसके बाद बोर्ड ने दुकान खाली कराने का आदेश भी दिया था और मामला हाई कोर्ट तक पहुंचा।
वहीं, अब्दुल मतीन का दावा है कि उन्होंने 1 फरवरी 1978 को दुकान किराए पर ली थी और उस समय मासिक किराया 175 रुपये था। ट्रस्ट का कहना है कि इसके बाद वैध किरायानामा नहीं कराया गया। दुकान के लिए 30 हजार रुपये मासिक किराए का प्रस्ताव भी दिया गया था, जिसे स्वीकार नहीं किया गया।
हजारों करोड़ की संपत्ति का मुद्दा
छत्तीसगढ़ वक्फ बोर्ड के अध्यक्ष डॉ. सलीम राज ने आदेश को वक्फ संपत्तियों से अतिक्रमण हटाने की दिशा में अहम बताया। बोर्ड के पास राज्यभर में हजारों करोड़ रुपये की संपत्ति होने का दावा है। अब इस आदेश के पालन पर नजर रहेगी।
