Rawatpura Sarkar Case: High Court deems CBI’s phone tapping completely illegal!
RAWATPURA SARKAR CASE: छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट के चीफ जस्टिस रमेश सिन्हा और जस्टिस रविंद्र कुमार अग्रवाल ने श्री रावतपुरा संस्थान के चेयरमैन एवं कथावाचक श्री रावतपुरा सरकार (रवि शंकर जी महाराज) से जुड़े फोन टैपिंग मामले में महत्वपूर्ण फैसला सुनाते हुए सीबीआई की फोन टैपिंग को पूरी तरह अवैध करार दिया है।
डिवीजन बेंच ने सीबीआई के फोन टैपिंग को पूरी तरह से गैर कानूनी ठहराते हुए रद्द कर दिया है।
हाईकोर्ट ने टैपिंग के जरिए हासिल की गई सभी रिकॉर्डिंग्स को नष्ट करने के आदेश दिए हैं। हालांकि, डिवीजन बेंच ने सीबीआई की एफआईआर और चार्जशीट को रद्द करने से इनकार कर दिया है।
अब सीबीआई को इस केस को फोन टैपिंग के सबूतों के बिना ही अन्य दस्तावेजों और गवाहों के आधार पर कोर्ट में साबित करना होगा।
सीबीआई ने 30 जून 2025 को देश भर के 35 मेडिकल संस्थानों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की थी, इसमें आरोप था कि स्वास्थ्य मंत्रालय और एनएमसी के अधिकारियों के साथ मिलकर रिश्वत, फर्जी मरीज और घोस्ट फैकल्टी के जरिए मेडिकल कॉलेजों को अपने पक्ष में निरीक्षण रिपोर्ट दिलाई जाती थी।
हाईकोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के फैसलों का हवाला देते हुए कहा कि फोन टैपिंग किसी व्यक्ति की निजता पर सीधा हमला है। इसके लिए तय कानूनी प्रक्रिया का कड़ाई से पालन होना अनिवार्य है।
