SIRPUR WORLD HERITAGE : Union Minister Gajendra Singh Shekhawat visits Sirpur, World Heritage efforts intensify
महासमुंद, 1 जनवरी। भारत सरकार के संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री गजेन्द्र सिंह शेखावत ने आज जिला महासमुंद अंतर्गत ऐतिहासिक एवं पुरातात्विक स्थल सिरपुर का दौरा किया। उनके साथ प्रदेश के उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा एवं प्रदेश के संस्कृति एवं पर्यटन मंत्री राजेश अग्रवाल भी मौजूद रहे। सिरपुर हेलीपैड पर सांसद रूपकुमारी चौधरी, विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा, कलेक्टर विनय कुमार लंगेह, पुलिस अधीक्षक प्रभास कुमार सहित जनप्रतिनिधियों ने केंद्रीय मंत्री का स्वागत किया।
केंद्रीय मंत्री शेखावत ने सिरपुर पहुंचकर लक्ष्मण देवालय, आनंद प्रभु कुटी विहार, तिवरदेव विहार, सुरंग टीला और स्थानीय हाट बाजार का निरीक्षण किया। उन्होंने सिरपुर को भारत की प्राचीन धरोहर का महत्वपूर्ण केंद्र बताते हुए कहा कि इसे राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान दिलाने की जरूरत है। उन्होंने संरक्षण एवं संवर्धन कार्यों की प्रगति की जानकारी ली और निर्देश दिए कि पुरातात्विक स्थलों की मूल संरचना को सुरक्षित रखते हुए आवश्यक सुविधाओं का विकास किया जाए।
उन्होंने पर्यटकों की सुविधा के लिए बेहतर सड़क, साइन बोर्ड, सूचना केंद्र, स्वच्छता और अन्य मूलभूत सुविधाओं को मजबूत करने पर जोर दिया। केंद्रीय मंत्री ने कहा कि सिरपुर की कनेक्टिविटी बढ़ाई जाएगी, जिससे पर्यटन में उल्लेखनीय वृद्धि होगी। उन्होंने कहा कि सिरपुर को वर्ल्ड हेरिटेज सूची में शामिल करने के प्रयास जारी हैं और यह स्थान देश की समृद्ध सांस्कृतिक, ऐतिहासिक और आध्यात्मिक विरासत का प्रतीक है।
दौरे के दौरान गंधेश्वर मंदिर पहुंचकर केंद्रीय मंत्री ने गंधेश्वर महादेव की पूजा-अर्चना कर देश की समृद्धि की कामना की। उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा ने कहा कि राज्य सरकार सिरपुर के समग्र विकास के लिए केंद्र सरकार के साथ समन्वय बनाकर कार्य कर रही है, ताकि पर्यटन के साथ रोजगार के नए अवसर भी सृजित हो सकें। उन्होंने बताया कि आज भोरमदेव कॉरिडोर का शुभारंभ भी किया जाएगा।
इस अवसर पर सांसद रूपकुमारी चौधरी और विधायक योगेश्वर राजू सिन्हा ने सिरपुर को विश्व पर्यटन मानचित्र पर स्थापित करने के लिए अपने सुझाव केंद्रीय मंत्री के समक्ष रखे। कार्यक्रम में राज्य बीज निगम अध्यक्ष चंद्रहास चंद्राकर, पूर्व राज्य मंत्री पूनम चंद्राकर, पूर्व विधायक डॉ. विमल चोपड़ा सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि और अधिकारी उपस्थित रहे।
उल्लेखनीय है कि महानदी के तट पर बसा सिरपुर प्राचीन श्रीपुर या श्रिपुरा के नाम से जाना जाता था। इसका इतिहास 5वीं से 12वीं सदी तक फैला हुआ है। यह दक्षिण कोसल का प्रमुख राजनीतिक, धार्मिक और सांस्कृतिक केंद्र रहा है। यहां हिंदू, बौद्ध और जैन धर्म से जुड़े मंदिरों और विहारों के दुर्लभ अवशेष मिले हैं, जिनमें लक्ष्मण मंदिर, तिवरदेव विहार, आनंद प्रभु कुटी विहार और सुरंग टीला प्रमुख हैं।

