SC JOOTA KAND : CJI Gavai breaks silence on Supreme Court shoe incident…
नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट में हुए जूता कांड के तीन दिन बाद चीफ जस्टिस ऑफ इंडिया (CJI) बीआर गवई ने इस पर प्रतिक्रिया दी है। गुरुवार को एक सुनवाई के दौरान उन्होंने कहा, “मेरे साथी और मैं सोमवार को हुई घटना से सन्न रह गए थे, लेकिन अब वह हमारे लिए इतिहास का एक पन्ना बन चुकी है।”
गौरतलब है कि सोमवार को सुप्रीम कोर्ट में एक 71 वर्षीय वकील ने मुख्य न्यायाधीश के कोर्टरूम में जूता फेंकने की कोशिश की थी। आरोपी वकील राकेश किशोर खजुराहो में विष्णु प्रतिमा पुनर्स्थापना मामले में CJI की टिप्पणी से नाराज था।
घटना पर जस्टिस उज्जल भुइयां ने सख्त लहजे में कहा, “यह कोई मजाक की बात नहीं है। यह पूरे न्यायपालिका संस्थान पर हमला है।” वहीं सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि कोर्ट ने इस मामले में जो संयम दिखाया, वह सराहनीय और प्रेरक है।
चीफ जस्टिस बीआर गवई ने कहा कि अदालत अब इस घटना को पीछे छोड़कर आगे बढ़ चुकी है।
इस घटना के बाद सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन (SCBA) ने वकील राकेश किशोर की सदस्यता तत्काल प्रभाव से रद्द कर दी थी, जबकि बार काउंसिल ऑफ इंडिया (BCI) ने उनका बार लाइसेंस निलंबित कर दिया।
घटना को सुप्रीम कोर्ट की सुरक्षा व्यवस्था में एक गंभीर चूक माना जा रहा है। आरोपी वकील ने अदालत में जूता फेंकते समय ‘सनातन का अपमान नहीं सहेंगे’ का नारा भी लगाया था।

