CG DHAN GHOTALA : Rats ate the paddy, Brijmohan said – will the government bring a cat for treatment?
रायपुर, 14 जनवरी 2026। छत्तीसगढ़ में समर्थन मूल्य पर खरीदे गए धान के करोड़ों रुपये गायब होने के मामले ने सियासत को पूरी तरह गरमा दिया है। कवर्धा और महासमुंद के धान संग्रहण केंद्रों से हुए बड़े शॉर्टेज पर अब बयानबाज़ी तेज हो गई है। इसी बीच भाजपा सांसद बृजमोहन अग्रवाल के एक तंज ने राजनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है।
मीडिया के सवाल पर बृजमोहन अग्रवाल ने सरकार पर कटाक्ष करते हुए कहा कि लगता है अब सरकार चूहों के इलाज के लिए बिल्ली की व्यवस्था करेगी। इस एक बयान ने न सिर्फ विपक्ष को बैठे-बिठाए मुद्दा दे दिया, बल्कि सरकार की मुश्किलें भी बढ़ा दी हैं।
दरअसल, छत्तीसगढ़ के धान खरीदी केंद्रों में पिछले खरीफ विपणन वर्ष के दौरान खरीदे गए धान के उठाव के बाद बड़े पैमाने पर शॉर्टेज सामने आया है। कवर्धा जिले में करीब 7 करोड़ रुपये और महासमुंद जिले में भी लगभग 7 करोड़ रुपये के धान की कमी पाई गई है। अधिकारियों का दावा है कि यह धान चूहों और कीड़े-मकोड़ों द्वारा खा लिया गया।
अफसरों की इस दलील से जहां सरकार की जमकर किरकिरी हो रही है, वहीं कांग्रेस इसे भ्रष्टाचार का खुला उदाहरण बता रही है। बृजमोहन अग्रवाल के बयान के बाद कांग्रेस को सरकार पर हमला करने का नया मौका मिल गया है।
कांग्रेस प्रवक्ता धनंजय ठाकुर ने पलटवार करते हुए कहा कि चूहा पकड़ने के लिए बिल्ली पालने की योजना में भी घोटाले की तैयारी है। उनका आरोप है कि करोड़ों के धान शॉर्टेज को चूहों के सिर मढ़कर सरकार असली जिम्मेदारों को बचाने की कोशिश कर रही है।
धान शॉर्टेज और चूहों के बहाने छत्तीसगढ़ की राजनीति अब और तेज होने के संकेत दे रही है। सवाल यही है कि सरकार इस पूरे मामले में कैसे डैमेज कंट्रोल करेगी और जिम्मेदारी किस पर तय होगी।

