CG CABINET DECISION BREAKING: Mahtari Vandan Yojana approved, Tendupata collectors in a tizzy, many important decisions taken in cabinet..
रायपुर। मंत्रिपरिषद की बैठक में प्रधानमंत्र नरेन्द्र मोदी की एक और गारंटी को पूरा करते हुए प्रदेश के तेंदूपत्ता संग्राहक परिवारों के हित में एक बड़ा और महत्वपूर्ण फैसला लिया गया। जिसके तहत तेंदूपत्ता संग्राहकों को अब संग्रहण पारिश्रमिक 4000 रूपए प्रतिमानक बोरा से बढ़ाकर 5500 रूपए प्रति मानक बोरा प्रदाय किया जाएगा।
मंत्रिपरिषद ने तेंदूपत्ता संग्राहक सामाजिक सुरक्षा हेतु नवीन योजना संचालित किए जाने का निर्णय लिया है। इस नवीन योजना के संचालन के लिए शासन द्वारा 75 प्रतिशत एवं छत्तीसगढ़ राज्य लघु वनोपज संघ द्वारा 25 प्रतिशत धनराशि वित्तीय अनुदान के रूप में प्रदान की जाएगी।
मंत्रिपरिषद ने प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की एक और गारंटी को पूरा करते हुए राज्य में महतारी वंदन योजना लागू करने का निर्णय लिया है। इस योजना के तहत विवाहित महिलाओं को एक हजार रूपए प्रतिमाह अर्थात् साल में 12 हजार रूपए की आर्थिक सहायता सीधे उनके बैंक खातें में डीबीटी के माध्यम से दी जाएगी।
इस योजना का उद्देश्य प्रदेश में महिलाओं के साथ लिंग विभेद, असमानता, जागरूकता की कमी होने के फलस्वरूप समाज में महिलाओं के विरूद्ध भेदभाव को समाप्त करने के साथ ही उनके स्वास्थ्य एवं पोषण स्तर में सुधार लाना है। इस योजना से महिला सशक्तिकरण एवं आर्थिक स्वावलंबन को भी बढ़ावा मिलेगा। इस योजना का लाभ छत्तीसगढ़ निवासी विवाहित महिला, जिनकी आयु 1 जनवरी 2024 को 21 वर्ष से अधिक हो, को मिलेगा। विवाहित महिला के अलावा विधवा, तलाकशुदा, परित्यक्ता महिलाओं को भी योजना का लाभ उठाने के लिए पात्र किया गया है।
छत्तीसगढ़ सिविल सेवा (संविदा नियुक्ति) नियम, 2012 में पूर्ववर्ती सरकार द्वारा अगस्त 2023 में जारी अधिसूचना में किए गए संशोधन को निरस्त कर पूर्ववत् किए जाने का निर्णय लिया गया। अगस्त 2023 में उक्त नियम में यह संशोधन किया गया था कि विभागीय जांच उपरांत, शास्ति प्रभावशील होने अथवा अपराधिक प्रकरण में न्यायालय द्वारा दंडित होने पर संविदा नियुक्ति के लिए अपात्र होंगे। इस संशोधन से ऐसे सेवानिवृत्त शासकीय सेवक जिनके विरूद्ध विभागीय जांच या अभियोजन के प्रकरण विचाराधीन अथवा प्रचलित है उन्हें भी संविदा नियुक्ति की पात्रता बन रही थी। जिसे मंत्रिपरिषद ने उचित नही मानते हुए इसे निरस्त कर संविदा नियम 2012 के प्रावधान को यथावत करने का निर्णय लिया है।
मंत्रिपरिषद द्वारा छत्तीसगढ़ राज्य में भारत (बीएच) सीरीज के वाहन पंजीयन लागू कराए जाने का निर्णय लिया गया। भारत सरकार द्वारा लागू बीएच सीरीज के तहत दो पहिया और चार पहिया वाहनों के लिए एक बार में दो वर्ष का टेक्स जमा कराना होगा।
छत्तीसगढ़ माल और सेवा कर (संशोधन) विधेयक-2024 के प्रारूप का अनुमोदन किया गया।

