बिलासपुर : बिलासपुर रेलवे स्टेशन पर आज भारतीय रेलवे की मानवीय संवेदनशीलता, त्वरित निर्णय क्षमता एवं उत्कृष्ट सेवा भावना का सराहनीय उदाहरण देखने को मिला। अमृतसर से विशाखापत्तनम जा रही गाड़ी संख्या 20808 हीराकुंड एक्सप्रेस के सामान्य कोच में यात्रा कर रही एक गर्भवती महिला यात्री को आज सुबह अचानक तेज़ लेबर पेन शुरू हो गया।
स्थिति की गंभीरता को भांपते हुए ट्रेन में तैनात टीटीई स्टाफ द्वारा तत्काल इसकी सूचना वाणिज्य कंट्रोल को दी गई। सूचना मिलते ही बिलासपुर स्टेशन पर पहले से सतर्क एवं तैयार वाणिज्य विभाग के कर्मचारी, मेडिकल स्टाफ तथा स्पेशल टीम द्वारा तुरंत समन्वय स्थापित करते हुए आवश्यक चिकित्सा सहायता की व्यवस्था की गई।
गाड़ी के बिलासपुर स्टेशन पर पहुंचते ही महिला यात्री एवं उनके परिजनों को सुरक्षित रूप से ट्रेन से उतारकर तत्काल स्टेशन स्थित मेडिकल हेल्थ सेंटर ले जाया गया, जहां चिकित्सकीय टीम द्वारा महिला का सुरक्षित प्रसव कराया गया। इस दौरान महिला ने एक स्वस्थ कन्या शिशु को जन्म दिया। जच्चा और बच्चा दोनों पूर्णतः स्वस्थ एवं सुरक्षित हैं।
प्रसव के उपरांत बेहतर चिकित्सकीय देखभाल सुनिश्चित करने के लिए महिला एवं नवजात शिशु को जिला अस्पताल, बिलासपुर रेफर किया गया। उल्लेखनीय है कि महिला अपने परिजनों के साथ ग्वालियर से रायराखोल (ओडिशा) की यात्रा पर थी।समय पर उपलब्ध कराई गई चिकित्सा सहायता, विभागों के आपसी समन्वय एवं रेलवे कर्मचारियों की तत्परता से यह सुरक्षित प्रसव संभव हो सका। इस मानवीय एवं सराहनीय कार्य के लिए महिला के परिजनों द्वारा भारतीय रेलवे के प्रति आभार व्यक्त किया गया।
वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक श्री अनुराग कुमार सिंह ने बताया कि “यात्रियों की सुरक्षा, स्वास्थ्य एवं समय पर सहायता प्रदान करना रेलवे की सर्वोच्च प्राथमिकता है।” उन्होंने इस त्वरित एवं मानवीय कार्य में शामिल सभी वाणिज्य कर्मियों, मेडिकल स्टाफ एवं स्पेशल टीम की भूरी-भूरी प्रशंसा की।
