HPV Vaccine: Modi government’s shield against cervical cancer, now lack of funds will not stop vaccination
नई दिल्ली: भारत सरकार ने महिला स्वास्थ्य की दिशा में एक क्रांतिकारी कदम उठाते हुए देश की करोड़ों बेटियों को सर्वाइकल कैंसर (Cervical Cancer) से बचाने के लिए ह्यूमन पेपिलोमावायरस (HPV) वैक्सीन अभियान को गति दी है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में केंद्र सरकार ने बजट के माध्यम से 9 से 14 वर्ष की बालिकाओं के लिए मुफ्त टीकाकरण की घोषणा की है।

क्या है HPV वैक्सीन?
HPV (Human Papillomavirus) वैक्सीन एक ऐसा टीका है जो महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर पैदा करने वाले वायरस से बचाता है। सर्वाइकल कैंसर गर्भाशय ग्रीवा (cervix) में होता है और यह भारत में महिलाओं में होने वाला दूसरा सबसे आम कैंसर है।
यह क्यों जरूरी है? (आंकड़े डराने वाले हैं)
मौत का आंकड़ा: भारत में हर 8 मिनट में एक महिला की मौत सर्वाइकल कैंसर से होती है।
रोकथाम संभव: यह एकमात्र ऐसा कैंसर है जिसे वैक्सीन के जरिए लगभग 100% रोका जा सकता है।
सही उम्र: डॉक्टरों के अनुसार, यह वैक्सीन 9 से 14 वर्ष की उम्र में सबसे प्रभावी होती है क्योंकि इस समय शरीर की प्रतिरोधक क्षमता वायरस के खिलाफ बेहतर काम करती है।
मोदी सरकार ने इसे फ्री क्यों किया?
इस वैक्सीन को सरकारी कार्यक्रम में शामिल करने और मुफ्त करने के पीछे तीन मुख्य कारण हैं:
- महंगी कीमत: बाजार में इस वैक्सीन की एक खुराक 2,000 से 4,000 रुपये के बीच आती है, जिसे आम गरीब परिवार वहन नहीं कर सकता था।
- स्वदेशी उत्पादन: भारत ने अब अपनी स्वदेशी वैक्सीन ‘CERVAVAC’ विकसित कर ली है, जिससे लागत कम हुई है और सरकार के लिए इसे मुफ्त बांटना आसान हुआ है।
- विकसित भारत का लक्ष्य: ‘स्वस्थ नारी, विकसित भारत’ के संकल्प के तहत सरकार मातृत्व मृत्यु दर और कैंसर के बोझ को कम करना चाहती है।
कैसे काम करेगा यह अभियान?
सरकार स्कूलों और आंगनबाड़ी केंद्रों के माध्यम से 9-14 वर्ष की लड़कियों का डेटा जुटाकर उन्हें स्वास्थ्य केंद्रों पर मुफ्त टीके लगाएगी। स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार, इस पहल से आने वाले दशकों में भारत सर्वाइकल कैंसर मुक्त होने की दिशा में बड़ा कदम बढ़ाएगा

