बिलासपुर : द.पू.मध्य रेलवे, रायपुर मंडल के भिलाई में “उत्कृष्टता केंद्र ” में आर.आर.बी. से नव नियुक्त सहायक लोको पायलट के प्रथम बैच का ओरिएंटेशन प्रोग्राम सांस्कृतिक भवन बी.एम.वाई. में आयोजित किया गया | इस कार्यक्रम में दयानंद, मंडल रेल प्रबंधक /द.पू.म.रेलवे. रायपुर मंडल, अनुराग तिवारी, वरि. मंडल विद्युत अभियंता (परिचालन)/ द.पू.म.रेलवे. रायपुर मंडल, अमित गुप्ता, वरि.मंडल विद्युत अभियंता (टीआरएस)/ द.पू.म.रेलवे, रायपुर मंडल, सुरेश चंद्रा, वरिष्ठ मंडल संरक्षा अधिकारी / द.पू.म.रेलवे, रायपुर मंडल, प्रणेश कुमार, मंडल विद्युत अभियंता (टीआरएस)/ द.पू.म.रेलवे, रायपुर मंडल, डॉ. प्रशन्ना आर. लोध, क्षेत्र प्रबंधक, भिलाई, श्याम कुर्रे, सहा मंडल विद्युत अभियंता (परिचालन)/ भिलाई एवं अन्य अधिकारी कर्मचारीयों की गरिमामयी उपस्थिति रही ।
इस ओरिएंटेशन प्रोग्राम का प्रमुख ध्येय आर.आर.बी. से नव नियुक्त सहायक लोको पायलट को यह अवगत करना था कि भारतीय रेल में अपनी सेवा देने का जो उन्हें अवसर प्राप्त हुआ है, उसकी महत्ता क्या है ? उन्हें यह बतलाना कि यह केवल एक नई नौकरी नहीं, बल्कि राष्ट्र सेवा की एक महान ज़िम्मेदारी को स्वीकार करना हैं। भारतीय रेल विश्व की चौथी सबसे बड़ी रेल नेटवर्क है | यह संगठन अनुशासन, समयपालन, सुरक्षा और सेवा भावना पर आधारित है। रनिंग स्टाफ, रेलवे के सुरक्षित संचालन में एक महत्वपूर्ण कड़ी है जिसकी भूमिका में सदैव सबसे आगे रहती | चालक दल अगर सजग है तो वह हर संभव दुर्घटना को बचा सकता है | इस ओरिएंटेशन प्रोग्राम में अधिकारीयों द्वारा इन्ही बिन्दुओं पर जोर देकर, प्रशिक्षण के दौरान नव नियुक्त सहायक लोको पायलटो पूरी गंभीरता/सजगता से टेक्निकल और सेफ्टी के सभी विषयों में ध्यानपूर्वक पारंगत होने का परामर्श दिया गया | रायपुर डिवीजन मंडल में पहली बार नव नियुक्त सहायक लोको पायलटो का प्रारंभिक प्रशिक्षण प्रशिक्षण 15.01.2026 प्रारंभ हो रहा है जो कि मंडल के लिए एक नया आयाम स्थापित कर रहा है | उत्कृष्टता केंद्र (Centre of Excellence ) जो चालक दल के लिए कि विशिष्ट प्रशिक्षण केन्द्र है। जो कि इस प्रशिक्षण को आयोजित कररहा है, इस केंद्र में सर्वसुविधायुक्त कक्षा भवन, डाइनिंग परिसर, बोगी माडल इत्यादि का प्रबंध किया गया है । आने वाले प्रत्येक 4 माह में लगभग 120 ALP’s को प्रशिक्षण दिया जायेगा और अगले एक वर्ष में लगभग 600 ALP’s को प्रशिक्षण दिया जायेगा ।
दक्षिण पूर्व मध्य रेलवे, भारतीय रेल के महत्वपूर्ण ज़ोन में से एक है। जो माल ढुलाई क्षेत्रों में लगातार राष्ट्रीय स्तर पर पहला या दूसरा स्थान रखता है, वर्तमान में एक mile स्टोन के रूप में सिर्फ 267 दिन में 200 मिलियन टन मॉल का लदान का लक्ष्य प्राप्त किया गया है । इन 80 नव नियुक्त सहायक लोको पायलट के प्रशिक्षण उपरांत रायपुर मंडल में सम्मलित होने से लम्बे समय से रिक्त पद भरेंगे | जिससे नए पदोन्नति के अवसर बनेगें और वर्तमान में कार्यरत चालक दलों को भी उनके कार्यक्षेत्र में मिलने वाली सुविधाओं में बढोतरी होगी जिससे उनके कार्य कुशलता, सुरक्षा, समय पालन में सकारत्मक वृद्धि होगी ।
