नई दिल्ली। पुणे पुलिस ने पूर्व IAS प्रोबेशनर पूजा खेडकर के एक गंभीर आरोप के बाद जांच शुरू की है। पूजा खेडकर ने दावा किया है कि उनके घर में काम करने वाली घरेलू सहायिका ने उन्हें और उनके माता-पिता को बेहोश कर घर से कीमती सामान चुरा लिया। यह घटना पुणे के बनर रोड स्थित उनके बंगले में होने का आरोप है। पूजा खेडकर ने शनिवार देर रात पुलिस से संपर्क किया। उन्होंने बताया कि हाल ही में रखी गई घरेलू सहायिका, जो कथित तौर पर नेपाल की रहने वाली है उसने खाने या पीने की चीजों में नशीला पदार्थ मिला दिया।
इससे पूजा खेडकर और उनके माता-पिता दिलीप खेडकर और मनोरमा खेडकर बेहोश हो गए। पूजा खेडकर का आरोप है कि बेहोश होने के बाद घरेलू सहायिका ने तीनों को बांध दिया और मोबाइल फोन सहित अन्य कीमती सामान लेकर फरार हो गई। उन्होंने बताया कि बाद में वह खुद को खोलने में कामयाब रहीं और किसी दूसरे फोन से पुलिस को सूचना दी। पुलिस अधिकारियों के अनुसार, फिलहाल यह शिकायत मौखिक रूप से दर्ज की गई है और अब तक कोई लिखित शिकायत नहीं दी गई है।
पुलिस जांच की स्थिति
पुलिस ने बताया कि कथित तौर पर चोरी हुए सामान की पूरी सूची भी अब तक नहीं सौंपी गई है। इसके बावजूद पुलिस ने प्रारंभिक जांच शुरू कर दी है और मामले से जुड़े तथ्यों की पड़ताल की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि लिखित शिकायत मिलने के बाद आगे की कानूनी प्रक्रिया तय की जाएगी। यह पहला मौका नहीं है जब खेडकर परिवार चर्चा में आया हो। पिछले साल नवी मुंबई में रोड रेज की एक घटना के बाद दिलीप और मनोरमा खेडकर के खिलाफ एक ट्रक चालक के कथित अपहरण का मामला दर्ज किया गया था। इसके अलावा, पूजा खेडकर पर 2022 की यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा में आरक्षण लाभ लेने के लिए गलत जानकारी देने के आरोप भी लगे हैं, जिनसे उन्होंने इनकार किया है।

