CG VIDHANSABHA : Controversy over APL to BPL cards, demand for inquiry committee in the Assembly
रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में प्रश्नकाल के दौरान APL से BPL राशनकार्ड में परिवर्तन का मामला जोरदार तरीके से उठा। भाजपा विधायक सुशांत शुक्ला ने इस पर सवाल दागते हुए आरोप लगाया कि राशनकार्ड परिवर्तन में भ्रष्टाचार को संरक्षण दिया जा रहा है। उनके आरोपों के बाद सदन में हंगामा जैसी स्थिति बन गई और कई विधायकों ने समिति से जांच की मांग रखी।
खाद्य मंत्री दयालदास बघेल ने सदन को बताया कि कुल 19 राशनकार्ड के परिवर्तन की जांच की गई है। इनमें से 15 मामलों में हितग्राहियों की सहमति ली गई, जबकि 4 राशनकार्ड जोन कमिश्नर की अनुशंसा पर बनाए गए हैं। मंत्री ने कहा कि जांच के बाद यह जानकारी सामने आई है।
इस पर सुशांत शुक्ला ने फिर से सवाल खड़े करते हुए कहा कि यह साफ तौर पर भ्रष्टाचार को बचाने का मामला है और इसकी जांच के लिए विधानसभा की हाईपावर कमेटी गठित की जानी चाहिए।
भाजपा विधायक अजय चंद्राकर ने कहा कि पूरे प्रदेश के राशनकार्ड सिस्टम में SIR (विशेष गहन पुनरीक्षण) की जरूरत है। उन्होंने इस मुद्दे पर आधे घंटे की चर्चा की मांग रखी। वहीं विधायक धर्मजीत सिंह ने भी APL से BPL में परिवर्तन को गंभीर मामला बताते हुए आधे घंटे की चर्चा और विधायकों की समिति से जांच कराने की मांग की।
पूर्व विधानसभा अध्यक्ष धरमलाल कौशिक ने कहा कि मंत्री की मंशा ठीक है, लेकिन अधिकारी गलत जानकारी दिलवा रहे हैं। फिलहाल मामला गरमाया हुआ है और विपक्ष जांच की मांग पर अड़ा हुआ है।
