Soldiers set an example of humanity by donating blood and saved the life of an innocent child.
नारायणपुर: छत्तीसगढ़ के नारायणपुर जिले में भारत-तिब्बत सीमा पुलिस (ITBP) के जवानों ने अपनी सेवा और समर्पण का एक और उदाहरण पेश किया है। 41वीं वाहिनी के सजग प्रहरियों ने समय पर रक्तदान कर साढ़े तीन साल के मासूम पंकज सलाम की जान बचाई
देवदूत बनकर अस्पताल पहुंचे जवान
जानकारी के अनुसार, पंकज सलाम को गंभीर स्थिति में जिला अस्पताल में भर्ती कराया गया था। उसे तत्काल ‘बी पॉजिटिव’ (B+) रक्त की आवश्यकता थी, लेकिन अस्पताल के ब्लड बैंक में उस समय स्टॉक उपलब्ध नहीं था. स्थिति की गंभीरता को देखते हुए स्थानीय प्रशासन ने तुरंत आईटीबीपी अधिकारियों से संपर्क किया। 41वीं बटालियन के कमांडेंट नरेंद्र सिंह ने सूचना मिलते ही जवानों को अस्पताल पहुंचने का निर्देश दियाजगदीश सिंह और कुंजीलाल ने किया

परिजनों ने जताया आभार
कमांडेंट के निर्देश पर सहायक निरीक्षक जगदीश सिंह और सहायक उप निरीक्षक कुंजीलाल तुरंत अस्पताल पहुंचे और 300-300 मिलीलीटर रक्तदान किया. जवानों की इस त्वरित सहायता से बच्चे का उपचार समय पर संभव हो सका और उसकी जान बच गई। अस्पताल प्रशासन और मासूम के परिजनों ने आईटीबीपी के इस मानवीय कार्य की जमकर सराहना की है

