Input your search keywords and press Enter.

मीडिया में लगातार खबर के बाद जागा-प्रशासन,,व्यवस्था में सुधार,,जनप्रतिनिधि नींद से जागे पहुंचे सहकारी बैंक,,व्यवस्था सुधारने किया निर्देशित

*करगीरोड-कोटा:-ग्रामीण क्षेत्रों के किसानों से अवैध-वसूली का केंद्र बनता जा रहा कोटा का कॉपरेटिव सहकारी-बैंक कि खबर लगातार मीडिया में आने के बाद प्रशासनिक-अधिकारी द्वारा दिशा-निर्देश के बाद जनप्रतिनिधि भी नींद से जागते हुए सहकारी बैंक कोटा में व्यवस्था सुधारने पहुंचे सहकारी बैंक कोटा में किसानों से अवैध वसूली की खबर को प्रमुखता से उठाया था, उसके बाद लगातार अखबारों की सुर्खियां बनती सहकारी बैंक कोटा के कर्मचारियों द्वारा अवैध-वसूली की खबर से प्रशासनिक-अधिकारियों के साथ जनप्रतिनिधियों ने भी अपनी उपस्थिति देकर किसानों को होने वाली परेशानियां और कर्मचारियों द्वारा अवैध वसूली की शिकायत पर उच्च अधिकारियों से बात कर दिशा-निर्देश दिया गया, साथ ही थाना-प्रभारी कोटा से बात कर पुलिस के दो जवानों को बैंक में लेनदेन के दौरान कोई घटना न घटे उसके लिए तैनाती की गई, जिसके बाद थाना-प्रभारी कोटा कृष्णा पाटले द्वारा सहकारी बैंक कोटा में जवानों की तैनाती कर बैंक का जायजा भी लिया।*

*सरकारी बैंक कोटा के अंतर्गत मुख्य केंद्र-उपकेंद्र मिलाकर लगभग 14-समिति के किसान आते हैं, सहकारी बैंक के ब्रांच-मैनेजर की अनुपस्थिति में बैंक के सीमित कर्मचारियों द्वारा किसानों से पैसे निकालने के नाम से अवैध वसूली कि जाने की शिकायत लंबे समय से की जा रही है, अगर अपने खाते से पैसा निकालना हो, या फिर जमा करना हो, या फिर बोनस के पैसों का मामला हो, वर्तमान में किसानों के कर्ज माफी के पैसों का हो ग्रामीण क्षेत्र के छोटे गरीब-किसान इसका लगातार शिकार हो रहे हैं, सुबह से कतार में खड़े किसान अपनी बारी का इंतजार करते रहते हैं , कुछ किसान कम ब्यापारी वर्ग के लोगो को लाइन में खड़ा होना खराब लगता है, नेता और रसूखदार-ब्यापारी अंदर घुसकर अपना काम कराते हुए दिखाई देते हैं, कैशियर और ब्रांच प्रभारी भी इन रसूखदारो का कार्य पहले करते हुए दिखाई पड़ते हैं, वर्तमान ब्रांच प्रभारी अमित शुक्ला जो की अभी सहकारी बैंक में पदस्थ थे, कुछ पुराने मामले में गड़बड़ी के वजह से शासन ने उन्हें बर्खास्त कर दिया गया अभी वर्तमान में ब्रांच मैनेजर नही होने से कर्मचारियों द्वारा खुलेआम वसूली की जा रही है,देर रात तक बैंक के अंदर शराबखोरी की शिकायत आसपास रहने वाले लोगों ने की है।*

*बैंक के अंदर गेट में बैंक का सिक्योरिटी गार्ड दिखाई नहीं पड़ता है, बैंक में घुसने से पहले ही बैंक के सामने और अंदर प्रवेश करते ही अगल-बगल बोर्ड लगा हुआ है, कि आप तीसरी आंख के नजर में हो ,पर बैंक के सीसीटीवी कैमरे बंद पड़े हुए हैं,अगर लेनदेन के दौरान किसानों के साथ कोई उठाएगिरी की घटना हो जाए तो बैंक-प्रबंधन केवल हाथ हिलाते रहेगा बैंक कर्मचारियों से सीसीटीवी कैमरे चालू होने के सवाल पर गोलमोल जवाब देते रहे,अब ये पूरी वसूली किसके देख-रेख में होता है-?क्या इन सभी के पीछे ब्रांच के बड़े अधिकारियों कर्मचारियों का हाथ है-? या फिर इस बारे में ब्रांच अधिकारियों को जानकारी ही नहीं है-? ये जांच का विषय है, बैंक मैं ब्रांच मैनेजर की अनुपस्थिति से बैंक की व्यवस्था भी चरमरा गई है वर्तमान में बैंक ब्रांच मैनेजर प्रभारी एक महिला को बनाया गया है बैंक में 2 महिला कर्मचारी के अलावा पुरुष कर्मचारी की तादाद है जिसमें की दो कर्मचारी छुट्टी पर हैं अव्यवस्था का कारण एक यह भी हो सकता है बैंक के कर्मचारी द्वारा बताया गया कि हर समिति के भुगतान के लिए अलग अलग दिन तय किया गया है पर कई बार अलग अलग समिति के किसान एक ही दिन पहुंच जाने के समय बैंक में भीड़ लग जाती है, इस कारण अव्यवस्था फैल जाती है, बैंक में किसानों के साथ बदसलूकी और व्यापारियों और रसूखदार के साथ प्रेम व्यवहार के सवालों पर चुप्पी साधे हुई थी, बैंक के ही लिपिक के पद पर कार्यरत द्वारा कैसियर के कुर्सी पर बैठने के सवाल पर लिपिक द्वारा बताया गया, कि कैसियर की अनुपस्थिति में मुझे बैठाया गया है ,प्रथम दृष्टया-लिपिक जो,कि शाम के समय नशे में धुत था, मीडिया के सवालों पर भड़क गया,और मीडिया से ही हुज्जत करने लगा।*

*इस पूरी घटना के बाद अगले दिन मीडिया में खबरें आने के बाद प्रशासनिक-अधिकारियों सहित जनप्रतिनिधियों ने भी तत्परता दिखाते हुए बैंक पहुंचकर व्यवस्था का जायजा लिया और उचित दिशा-निर्देश दिया अखबारों में खबर आने के बाद ब्लॉक किसान कांग्रेस अध्यक्ष वादिर खान द्वारा सहकारी बैंक कोटा का जायजा लिया ,और ब्रांच मैनेजर की अनुपस्थिति में प्रभारी से बात करने के दौरान सहकारी बैंक के सीईओ से बात कर व्यवस्था सुधारने की बात कही साथ ही किसानों को हो रही परेशानियों के बारे में सहकारी बैंक के सीईओ सहित प्रशासनिक-अधिकारियों से बात कर व्यवस्था सुधारने की बात कही और जल्द से जल्द कोटा सहकारी बैंक में ब्रांच मैनेजर की तैनाती की बात वादिर खान द्वारा की गई, बैंकों में किसानों से अवैध वसूली की शिकायत को गंभीरता से लेते हुए भी सरकारी बैंक के सीईओ से बात कर इस तरह के आरोपों की जांच कर उचित कार्रवाई करने के बाद भी ब्लॉक कांग्रेस किसान अध्यक्ष वादिर खान द्वारा कही गई।*





Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *